लता दीदी का अनुपम जीवन और कार्य, परिवार के लिए उठाए कष्ट, उनका प्रखर स्वाभिमान, अपने काम के प्रति उनकी गहरी निष्ठा, त्याग और मानवीय संवेदनाओं से आलोकित उनके व्यक्तित्व को रेखांकित करती पुस्तक, जो पाठकों को सम्मोहित कर देगी और उनके प्रति सम्मान एवं श्रद्धा का विस्तार करेगी।
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Specifications
Dimensions
Width
5.5
Height
8.5
Depth
0.8
Weight
250
In The Box
1 Book
Book Details
Title
Lata Didi Aur Main
Imprint
Prabhat Prakashan
Publication Year
2024 November
Number of Pages
246
Product Form
Hardcover
Publisher
Prabhat Prakashan
Genre
Education
ISBN13
9789355627858
Book Category
Social Science Books
BISAC Subject Heading
EDU000000
Book Subcategory
Society and Culture Books
Edition
1st
Language
Hindi
Contributors
Author Info
मीना मंगेशकर-खडीकर
श्रेष्ठ गायिका एवं संगीतकार । एक समृद्ध परंपरा की निधिपति। मराठी रंगभूमि के लोकप्रिय और गुणशील गायक-अभिनेता मास्टर दीनानाथ मंगेशकर और शुद्धमति मंगेशकर की द्वितीय पुत्री ।
मीनाताई को बचपन में ही संगीत की शिक्षा-दीक्षा मिली। राग-रागिनियों का हाथ थाम उनकी सुरों की यात्रा शुरू हुई। नौशाद अली, शंकर-जयकिशन, हुस्नलाल- भगतराम, रोशन, वसंत देसाई जैसे प्रतिभाशाली संगीतकारों की रचनाएँ मीनाजी के सुमधुर स्वर से खिल उठीं।
बतौर संगीतकार मीनाजी की अपनी विशिष्ट पहचान है। बच्चों के गीतों को सुरों से सजाकर मीनाताई ने महाराष्ट्र का मन जीत लिया।
मीनाजी ने बांग्ला, गुजराती और पंजाबी भाषा में गाने गाए हैं। कानून का शिकार (हिंदी) और शाबाश सुनबाई (मराठी) जैसी गिनी-चुनी फिल्मों को संगीत दिया है।
संगीत को संपूर्णतया समर्पित मीनाताई का व्यक्तित्व भारतीय संस्कृति में रचा-बसा है। वे अपने पुत्र योगेश, पुत्रवधु मेखला और पौत्री सांजली के साथ मुंबई में रहती हैं। उनकी पुत्री रचना शाह लेखिका हैं।